ब्रहम्खाल-पोलगांव निर्माणाधीन रोड टनल में घुसा मलबा, 30 घंटे से टनल में फसे 40 मजदूर

खबर शेयर करें

चमोली। दीपावली की लगभग 8.45 बजे एनएचडीसीएल के पूर्व प्रबन्धक ने अवगत कराया कि ब्रहम्खाल-पोलगांव निर्माणाधीन रोड टनल जो सिलक्यार से लगभग 2340 मीटर निर्माण की गयी है, उसके सिलक्यार की तरफ से टनल के 270 मीटर भाग के पास 30 मीटर क्षेत्र में मलवा आने के कारण टनल के अन्दर की ओर लगभग 35-40 मजदूर फंसे होने की सूचना दी गयी।


खोज-बचाव कार्यों को पुलिस/एन0डी0आर0एफ0/एस0डी0आर0एफ0/त्वरित कार्यवाही दल आदि दल सहित उप जिलाधिकारी/मुख्य विकास अधिकारी/ अपर जिलाधिकारी एवं राजस्व टीम मौके पर पहुचे।
जिलाधिकारी अभिषेक रुहेला, पुलिस अधीक्षक अर्पण यदुवंशी विधायक यमुनोत्री संजय डोभाल, एनएचएआइ के जीएम विशाल गर्ग तथा बीजेपी की राष्ट्रोय मंत्री स्वराज विद्वान ने सुरंग के अन्दर जाकर घटना स्थल का निरीक्षण किया। वहीं विधायक यमुनोत्री संजय डोभाल भी घटनास्थल पर मौजूद रहे। सीमा सड़क संगठन को भी रात और बचाव अभियान में जुटाया गया। बीआरओ की टीम ऑफिसर कमांडिंग नमन नरूला की अगुवाई में अभियान में जुटी।

जिलाधिकारी ने बीआरओ से अभियान के तकनीकी पहलूओं पर विचार विमर्श किया
जिलाधिकारी ने कहा की सुरंग के अंदर फंसे मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकलना प्रशासन की पहली प्राथमिकता है। इसके लिए राहत और बचाव कार्यों को युद्ध स्तर पर संचालित किया जा रहा है। प्रशासन के द्वारा विभिन्न राहत और बचाव एजेंसियों और तकनीकी संगठनों तथा एनएचआईडीसीएल का सहयोग लेकर के बचाव अभियान संचालित किया गया। भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल के टीम में राहत और बचाव अभियान में जुटा रहा। आईटीबीपी के असिस्टेंट कमांडेंट जाधव वैभव के नेतृत्व में आइटीबीपी की टीम मौके पर रही।

फ़ास्ट न्यूज़ 👉  पॉक्सो एक्ट का आरोपी गिरफ्तार, नाबालिग को कब्जे से छुड़ाया

सिल्कियारा में निर्माणाधीन टनल के अंदर फंसे मजदूरों को सुरक्षित निकालने के लिए राहत और बचाव अभियान तेजी से जारी है फंसे हुए मजदूर तक पानी के लिए बिछाए गए पाइप के जरिए ऑक्सीजन की सप्लाई की जा रही है। सुरंग से मलवा हटाने और फंसे मजदूरों को निकालने के लिए एस्केप पैसेज बनाने का काम युद्ध स्तर पर जारी है जिलाधिकारी अभिषेक रुहेला, पुलिस अधीक्षक अर्पण यदुवंशी, मुख्य विकास अधिकारी गौरव कुमार, अपर जिलाधिकारी तीर्थपाल सिंह, उप जिलाधिकारी डुंडा बृजेश कुमार तिवारी,उप जिलधिकारी बड़कोट मुकेश चंद रमोला घटना स्थल पर मौजूद हैं।
राहत और बचाव अभियान में समन्वय के लिए 24 घंटे अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। बीती रात के शिफ्ट में इस काम का समन्वय देख रहे जल संस्थान के प्रभारी अधिशासी अभियंता दिवाकर डंगवाल ने तड़के टनल से बाहर आने पर बताया की मलवा हटाने का कार्य तेजी से जारी है। रात में फंसे मजदूरों तक संपर्क स्थापित करने और उन तक भोजन और ऑक्सीजन की आपूर्ति करने की कवायद अनेक बार की गई है।सिल्क्यारा टनल के अंदर फंसे मजदूरों को सुरक्षित निकालने के लिए राहत और बचाव का अभियान पिछले 30 घंटे से अधिक समय से लगातार जारी है।

फ़ास्ट न्यूज़ 👉  ड्यूटी में लापरवाही बरतने पर तीन पुलिस कर्मी निलंबित

जिलाधिकारी अभिषेक रूहेला ने टनल के अंदर जाकर मलवा हटाने और मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए किया जा रहे हैं प्रयासों का जायजा लिया और राहत व बचाव अभियान को लेकर अधिकारियों और एनएच डीसीएल तथा अन्य एजेन्सियों को जरूरी निर्देश दिए। एनएचडीसीएल के निदेशक अंशु मनीष खलको ने बताया कि सुरंग के अंदर प्रभावित क्षेत्र में लूज मलवा को स्थायित्व प्रदान करने के लिए शॉर्ट क्रीटिंग का कार्य किया जा रहा है ।अंदर फंसे मजदूर तक पानी खाद्य पदार्थों की सप्लाई की गई है उनसे अनेक बार संपर्क स्थापित हुआ है। निदेशक ने बताया की अंदर फंसे सभी 40 मजदूर सुरक्षित है।

फ़ास्ट न्यूज़ 👉  गणाई गंगोली में कार दुर्घटनाग्रस्त, चालक की मौत

जिला अधिकारी अभिषेक रोहिला ने मौके पर विशेषज्ञों के साथ बचाव अभियान की आगे की रणनीति पर विचार विमर्श किया। टनल से बाहर आने के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए जिलाधिकारी ने कहा की बचाव अभियान को पूरी तेजी से संचालित किया जा रहा है इस अभियान में विभिन्न एजेंसियों और विशेषज्ञों की मदद ली जा रही है, ताकि टनल के अंदर फंसे मजदूरों को सुरक्षित जल्द से जल्द बाहर निकाला जा सके।

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 फ़ास्ट न्यूज़ के WhatsApp ग्रुप से जुड़ें

👉 फ़ास्ट न्यूज़ के फ़ेसबुक पेज़ को लाइक करें

👉 कृपया नवीनतम समाचारों से अवगत कराएं WhatsApp 9412034119