अदालत ने माना मौलाना तौकीर को बरेली दंगे का मास्टर माइंड, -11 मार्च को किया तलब

Fast News Uttarakhand - Latest Uttarakhand News in Hindi
खबर शेयर करें 👉

बरेली। बरेली की एक अदालत ने मार्च 2010 में कुतुबखाना क्षेत्र में हुए साम्प्रदायिक दंगे के लिये इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल के अध्यक्ष मौलाना तौकीर रजा खां को मास्टर माइंड करार देते हुए मंगलवार को उन्हें समन जारी कर आगामी 11 मार्च को तलब किया है। अपर जिला शासकीय अधिवक्ता (एडीजीसी) दिगम्बर पटेल ने बताया कि अपर सत्र न्यायाधीश /त्वरित न्यायालय (प्रथम) रवि कुमार दिवाकर ने दो मार्च 2010 को बरेली के शहर कोतवाली और प्रेम नगर थाना क्षेत्रों में हुए साम्प्रदायिक दंगे के मामले में आईएमसी के अध्यक्ष मौलाना तौकीर रजा खां को मास्टर माइंड करार देते हुए उन्हें समन जारी करके 11 मार्च को तलब किया है।

फ़ास्ट न्यूज़ 👉  uttarakhand-पांच दिन से लापता युवक का तालाब किनारे मिला शव, क्षेत्र में सनसनी

अदालत ने यह भी कहा कि बरेली के तत्कालीन मंडलायुक्त और जिलाधिकारी, बरेली जोन के पुलिस उप महानिरीक्षक, पुलिस महानिरीक्षक तथा जिले के तत्कालीन वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एवं शासन स्तर के उच्चाधिकारियों ने पर्याप्त साक्ष्य होने के बावजूद मामले के आरोप पत्र में तौकीर का नाम शामिल नहीं करके दंगे के मास्टर माइंड मौलाना तौकीर रजा का सहयोग किया, ऐसे में इस आदेश की एक प्रति मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पास भी कार्रवाई के लिये भेजी जाए।

एडीजीसी पटेल ने बताया कि दंगे के मामले में इंस्पेक्टर सुभाष यादव ने मंगलवार को अपना बयान दर्ज कराया। पत्रावली का अवलोकन करने के बाद अदालत ने दंगे के अन्य आरोपियों रिजवान, दानिश, राजू, हसन, सौबी रजा, यासीन की हाजिरी माफी स्वीकार कर ली। मगर अदालत ने पिछली कई तारीखों से लगातार गैर हाजिर रहने पर बाबू खां, आरिफ, अमजद अहमद, निसार अहमद, अबरार, राजू उर्फ राजकुमार और कौसर के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करते हुए प्रेमनगर पुलिस को गिरफ्तार करने कर पेश करने का आदेश दिया।

फ़ास्ट न्यूज़ 👉  uttarakhand-बारिश और कलसा नदी का कहर, आधा दर्जन मकान खतरे में

पटेल ने बताया कि दो मार्च 2010 को बारावफात के दिन होली का जुलूस भी निकलना था। इसी को लेकर गतिरोध शुरू हुआ। हालांकि दोनों ही जुलूस शांतिपूर्ण तरीके से निकाले गये लेकिन आरोप है कि सौदागरान के रहने वाले और आला हजरत परिवार से जुड़े आईएमसी के अध्यक्ष मौलाना तौकीर रजा खां ने एक जन समूह को भड़काऊ भाषण दिया था। इसके बाद शहर कोतवाली के कुतुब खाने से लेकर प्रेम नगर थाना क्षेत्र के कुहाड़ा पीर बाजार तक दंगा हुआ था। इस दौरान भीड़ ने पुलिस चौकी को फूंक दिया था और बहुसंख्यकों के घरों को आग के हवाले कर दिया। हालात के मद्देनजर शहर में 27 दिनों तक कर्फ्यू लगाया गया था।

सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -

👉 फ़ास्ट न्यूज़ के WhatsApp ग्रुप से जुड़ें

👉 फ़ास्ट न्यूज़ के फ़ेसबुक पेज़ को लाइक करें

👉 कृपया नवीनतम समाचारों से अवगत कराएं WhatsApp 9412034119