uttarakhand-रुपयों के लेन-देन के विवाद में हरदीप की हत्या -48 घंटे में खुलासा, दंपति गिरफ्तार
रुद्रपुर। ऊधमसिंहनगर के कुंडा क्षेत्र में हुए हरदीप सिंह हत्याकांड का पुलिस ने महज 48 घंटे में खुलासा कर दिया। पुलिस के अनुसार, रुपयों के लेन-देन के विवाद में हत्या की साजिश रची गई थी। मामले में मुख्य आरोपी संदीप सिंह उर्फ सोना और उसकी पत्नी संदीप कौर को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वारदात में प्रयुक्त लाइसेंसी पिस्टल, खोखा कारतूस और कार भी बरामद की है। हत्या के बाद साक्ष्य छिपाने और नष्ट करने की साजिश में आरोपी की पत्नी की भूमिका भी सामने आई है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ऊधमसिंहनगर अजय गणपति ने मंगलवार शाम प्रेस वार्ता में बताया कि 13 सितंबर 2026 को रजविन्दर कौर पत्नी सुखदेव सिंह निवासी गुलजारपुर, थाना काशीपुर ने पुलिस को अपने पुत्र हरदीप सिंह की गोली मारकर हत्या किए जाने की सूचना दी थी। सूचना के मुताबिक संदीप सिंह ने अपनी पत्नी और मां की मौजूदगी में हरदीप सिंह को गोली मारी थी।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल मुकदमा अपराध संख्या 274/2026, धारा 103(1), 238, 61(2) बीएनएस और 30 आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमों का गठन किया।
कोतवाली कुंडा के निरीक्षक धीरेन्द्र कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीमों ने घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों में गहन जांच की। संदिग्धों से पूछताछ के साथ वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्यों का संकलन और विश्लेषण किया गया। पुलिस की जांच में हत्या के पीछे रुपयों के लेन-देन को लेकर विवाद सामने आया।
लगातार जांच और सुरागरसी-पतारसी के बाद पुलिस ने हत्याकांड में शामिल संदीप सिंह उर्फ सोना पुत्र सुरजीत सिंह, उम्र 40 वर्ष, निवासी गौरा फार्म, थाना कुंडा को मुख्य आरोपी के रूप में गिरफ्तार किया। उसकी पत्नी संदीप कौर, उम्र 35 वर्ष को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार, हत्या के बाद साक्ष्य छिपाने और नष्ट करने की साजिश में उसकी भूमिका सामने आई है।
पुलिस ने मुख्य आरोपी की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल लाइसेंसी पिस्टल, खोखा कारतूस और उसकी कार बरामद की है। पुलिस का कहना है कि तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है।
पुलिस टीम में निरीक्षक कोतवाली कुंडा धीरेन्द्र कुमार, उपनिरीक्षक सौरभ कुमार, गोविन्द मेहता, मनोज देव, सोनू सिंह, नवीन चंद्र जोशी, अपर उपनिरीक्षक रविश राम तथा कांस्टेबल देवेन्द्र कुमार, संजय कुमार, गणेश मेहरा, भरत बिष्ट, राजीव कुमार और राजकुमार शामिल रहे।
ADVERTISEMENTS
सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -
👉 फ़ास्ट न्यूज़ के WhatsApp ग्रुप से जुड़ें
👉 फ़ास्ट न्यूज़ के फ़ेसबुक पेज़ को लाइक करें
👉 कृपया नवीनतम समाचारों से अवगत कराएं WhatsApp 9412034119
संपादक – फास्ट न्यूज़ उत्तराखण्ड
www.fastnewsuttarakhand.com

फैसले से पहले ही मंत्री ने बताया याचिका खारिज- नैनीताल हाईकोर्ट ने केस दूसरी पीठ को किया रिफर
मां नंदा के जयकारों से गूंजा अल्मोड़ा -भव्य शोभायात्रा ने बांधा समां