दिनदहाड़े प्रॉपर्टी डीलर हत्याकांड में सभी आरोपी दोषी, सजा पर फैसला 22 को
रूद्रपुर। दिनदहाड़े प्रॉपर्टी डीलर की गोली मारकर हत्या करने के मामले में न्यायालय ने सभी आरोपियों को दोषी करार दिया है। तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मुकेश कुमार आर्या की अदालत ने दोष सिद्ध होने के बाद सजा सुनाने के लिए 22 दिसंबर की तिथि नियत की है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) अनिल कुमार सिंह ने बताया कि 3 मई 2018 को प्रॉपर्टी डीलर समीर अहमद की आदित्य चौक स्थित शर्मा ढाबे के बाहर बाइक सवार नकाबपोश बदमाशों ने गोली मारकर दिनदहाड़े हत्या कर दी थी। घटना के बाद तत्कालीन एसएसपी डॉ. सदानंद दाते के निर्देश पर मामले की गहन जांच कराई गई।
शुरुआत में नामजद आरोपियों की संलिप्तता सामने नहीं आई, लेकिन पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर बदमाश के हाथ में पहने कड़े से अहम सुराग जुटाया। इसके बाद पूरे हत्याकांड का खुलासा हुआ। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए जसविंदर सिंह, अंग्रेज सिंह उर्फ रिंकू, गुरचरण सिंह उर्फ बंटी, सुखदेव सिंह उर्फ सुक्खा और प्रसन्नजीत सिंह उर्फ सन्नी को गिरफ्तार कर जेल भेजा।
समीर हत्याकांड की सुनवाई एडीजे तृतीय मुकेश कुमार आर्या के न्यायालय में चल रही थी। अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल कुमार सिंह ने प्रभावी पैरवी करते हुए गवाह पेश किए, जिसके आधार पर सभी आरोपियों के खिलाफ दोष सिद्ध हुआ।
गुरुवार को सुनवाई के दौरान अंग्रेज सिंह उर्फ रिंकू, गुरचरण सिंह उर्फ बंटी और प्रसन्नजीत सिंह उर्फ सन्नी के न्यायालय में उपस्थित होने पर न्यायाधीश ने उन्हें पुलिस कस्टडी में लेने के आदेश दिए। वहीं, सुनवाई में अनुपस्थित रहे जसविंदर सिंह और सुखदेव सिंह उर्फ सुक्खा के खिलाफ वारंट जारी करते हुए पुलिस को उन्हें गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने के निर्देश दिए गए हैं। अब पांचों दोषियों को सजा 22 दिसंबर को सुनाई जाएगी।
ADVERTISEMENTS
सबसे पहले ख़बरें पाने के लिए -
👉 फ़ास्ट न्यूज़ के WhatsApp ग्रुप से जुड़ें
👉 फ़ास्ट न्यूज़ के फ़ेसबुक पेज़ को लाइक करें
👉 कृपया नवीनतम समाचारों से अवगत कराएं WhatsApp 9412034119
संपादक – फास्ट न्यूज़ उत्तराखण्ड
www.fastnewsuttarakhand.com

उत्तराखंड…36 लाख के गबन में डाकपाल दोषी —अदालत ने सुनाई तीन साल की सजा
उत्तराखंड…हाईकोर्ट का सख्त रुख : पीएमजीएसवाई के मुख्य अभियंता अवमानना के दोषी –10 दिन में आदेश नहीं माना तो भुगतनी होगी सजा