क्लेम पास का भरोसा देकर मुकर गई बीमा कंपनी -आयोग ने लगाई फटकार, 3.95 लाख रुपये चुकाने का आदेश
नैनीताल। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग, नैनीताल ने बीमा क्लेम को गलत और मनमाने आधार पर खारिज करने के मामले में को कड़ी फटकार लगाई है। आयोग ने इसे कंपनी की “सेवा में भारी कमी” मानते हुए परिवादी के पक्ष में फैसला सुनाया है।
मल्लीताल निवासी कुंदन सिंह बिष्ट की बीमित कार दिसंबर 2024 में नोएडा में दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। दुर्घटना के समय वाहन उनका बेटा श्रेयांश बिष्ट चला रहा था। शिकायत के अनुसार बीमा कंपनी ने पहले व्हाट्सएप संदेश के माध्यम से क्लेम पास होने का भरोसा दिया और अपने अधिकृत सर्विस सेंटर में वाहन की मरम्मत की अनुमति भी प्रदान कर दी। लेकिन मरम्मत पूरी होने के बाद कंपनी ने ड्राइवर संबंधी जानकारी और अन्य तथ्यों का हवाला देते हुए क्लेम निरस्त कर दिया।
मामले की सुनवाई करते हुए आयोग के अध्यक्ष रमेश कुमार जायसवाल और सदस्य लक्ष्मण सिंह रावत की पीठ ने पाया कि कंपनी ने उपभोक्ता के साथ अनुचित व्यवहार किया और क्लेम अस्वीकार करने के लिए उचित आधार प्रस्तुत नहीं कर सकी।
आयोग ने कंपनी को वाहन मरम्मत पर खर्च हुई 3,25,659 रुपये की पूरी राशि अदा करने का आदेश दिया है। इसके साथ ही मानसिक उत्पीड़न के लिए 50,000 रुपये तथा वाद व्यय के रूप में 20,000 रुपये देने के निर्देश भी दिए हैं। इस प्रकार कंपनी को कुल 3,95,659 रुपये का भुगतान करना होगा।
आयोग ने स्पष्ट किया कि यदि आदेश की तिथि से 45 दिनों के भीतर भुगतान नहीं किया जाता है तो परिवाद दायर करने की तिथि 24 मार्च 2025 से वास्तविक भुगतान तक 8 प्रतिशत वार्षिक साधारण ब्याज भी देना होगा। आदेश का पालन नहीं होने पर कंपनी के खिलाफ उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम-2019 के तहत वसूली और अन्य कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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संपादक – फास्ट न्यूज़ उत्तराखण्ड
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