ऑनलाइन गेम में हार बना मौत का कारण : 17 वर्षीय छात्र ने जहर गटक दी जान -परिजनों का कोतवाली में हंगामा
हल्द्वानी/कालाढूंगी। ऑनलाइन गेमिंग में पैसे हारने के बाद कथित मानसिक दबाव से परेशान एक 17 वर्षीय छात्र ने जहरीला पदार्थ गटक लिया, जिसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश फैल गया और गुस्साए परिजनों ने शव को एंबुलेंस में रखकर कोतवाली में प्रदर्शन किया।
मिली जानकारी के अनुसार कोटाबाग क्षेत्र के थपलियागांजा वन पंचायत के सरपंच धन सिंह बिष्ट का बेटा जगदीश बिष्ट पॉलिटेक्निक में इलेक्ट्रॉनिक्स ट्रेड का प्रथम वर्ष का छात्र था।
बुधवार सुबह करीब सात बजे उसने घर पर ही जहरीला पदार्थ खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिजन उसे तत्काल सीएचसी कोटाबाग ले गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे 108 एंबुलेंस से एसटीएच हल्द्वानी रेफर किया गया। अस्पताल में उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
बताया जा रहा है कि मरने से पहले छात्र ने एक वीडियो में ऑनलाइन गेम में पैसे हारने और एक युवक द्वारा लगातार दबाव व धमकी देने की बात कही। छात्र ने आरोप लगाया कि उसने उक्त युवक से करीब तीन हजार रुपये उधार लिए थे, जो वह गेमिंग में हार गया था। परिजनों के अनुसार इस पूरे घटनाक्रम की रिकॉर्डिंग भी उनके पास मौजूद है।
घटना के बाद आक्रोशित परिजन पोस्टमार्टम के बाद शव को लेकर कोतवाली कालाढूंगी पहुंचे और एंबुलेंस में शव रखकर प्रदर्शन किया। परिजनों ने आरोपित युवक की गिरफ्तारी की मांग को लेकर जमकर हंगामा किया और कार्रवाई होने तक शव उठाने से इनकार कर दिया।
मृतक के पिता धन सिंह बिष्ट ने एक युवक के खिलाफ नामजद तहरीर पुलिस को सौंपी है, जिसमें बेटे को आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया गया है। काफी समझाने-बुझाने और सख्त कार्रवाई के आश्वासन के बाद परिजन शव को घर ले गए।
कोतवाल अरुण कुमार सैनी ने बताया कि मामले में तहरीर प्राप्त हो चुकी है और सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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संपादक – फास्ट न्यूज़ उत्तराखण्ड
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